कुछ यादें कुछ सपने अपने
थाती हैं जीवन की
बक्से में कुछ तस्वीरें और
पाती है प्रियतम की .
आँखों भर आकाश खुला हो
औ परवाज़ मिली हो
उम्मीदों के रस्ते गलियाँ
हर इक राह खुली हो .
सपनों के ताने बाने और
यादों के कुछ टांके
जीवन भर में क्या क्या पाया
मोल इन्हीं से आंकें .
सपनों के बिन सूनी आँखें
यादों बिन अपना मन
सूनी साँसें सूनी बातें
सूना सारा जीवन .
थाती हैं जीवन की
बक्से में कुछ तस्वीरें और
पाती है प्रियतम की .
आँखों भर आकाश खुला हो
औ परवाज़ मिली हो
उम्मीदों के रस्ते गलियाँ
हर इक राह खुली हो .
सपनों के ताने बाने और
यादों के कुछ टांके
जीवन भर में क्या क्या पाया
मोल इन्हीं से आंकें .
सपनों के बिन सूनी आँखें
यादों बिन अपना मन
सूनी साँसें सूनी बातें
सूना सारा जीवन .



